जीवन परिचय – श्री बल्लभ सिद्धार्थ समकालीन गद्यकारों में अग्रणी हैं। आप मार्क्सवादी विचारधारा के पोषक व विचारक हैं। आपने अनेक हिन्दी कहानियों की पुस्तकें लिख कर प्रकाशित की हैं। आप का बहुचर्चित उपन्यास ‘कटघरे’ है। यह एक सामाजिक उपन्यास है। जिसमें तत्कालीन सामाजिक असमानताएँ संघर्षों से जूझते सर्वहारा वर्ग की समस्याओं को उकेरा गया है। उपन्यास की भाषा सरल हिन्दी है। इसके पात्र स्थानीय सर्वहारा समाज के हैं। सम्वाद पात्रानुसार हैं।
उपन्यासकार श्री बल्लभ ने इस उपन्यास के माध्यम से साम्यवादी विचारधारा को पोषित किया है। आपकी लिखी अन्य रचनाएँ इस प्रकार हैं- कहानी संग्रह- महापुरूषों की वापिसी , शेष प्रसंग , ब्लेक आउट , पत्र व्यवहार- सम्वाद अनायास। इस प्रकार श्री बल्लभ सिद्धार्थ एक सिद्धहस्त रचनाकार हैं।