भोजन ग्रहण करने की मुख्य तीन श्रेणियाँ हैं -
1. अपर्याप्त भोजन - वह भोजन है जिसमें पोषक तत्वों तथा शारीरिक आवश्यकताओं की पूर्ति का तो प्रश्न ही नहीं उठता, उससे पेट भरने तक की समस्या अपूर्ण रह जाती है ।
2. पर्याप्त भोजन - जिस भोजन से भूख शान्त हो जाए । शारीरिक भार में
कमी न हो तथा सामान्य रूप से कार्य करते समय थकान का भी अनुभव न हो, ऐसा भोजन ऊर्जा व विकास की दृष्टि से उपयुक्त होते हुए भी सुरक्षात्मक दृष्टि से अपर्याप्त होता है ।
3. सन्तुलित भोजन - यह भोजन सर्वोत्तम होता है तथा शरीर के विकास व वृद्धि के अनुकूल होता है। कार्यशील रहने पर जल्दी थकान का
अनुभव नहीं होता एवं शरीर पूर्ण स्वस्थ व निरोग रहता है।