(1-देशी राज्यों के विलीनीकरण के पूर्व की मध्यभारत की एक छोटी रियासत। 2-लकड़ी का मोटा कुंदा या बेड़ी जिसमें अपराधी को दंड देने के लिए उसका पैर फंसा दिया जाता था। अधिकांश देशी रियासतों में उन दिनों जो अंधेरगर्दी और स्वेच्छाचारिता विद्यमान थी कहावत उसका स्मारक है। कोई सज्जन घर वालों के जान तो बरात में गये। परंतु आलीपुरा में वे बिना किसी अपराध के कठवा में फंसा दिये गये। कहने की आवश्यकता नहीं कि कहावत में, आलीपुरा नाम केवल एक प्रतीक के रूप में व्यवहृत हुआ है।