बुंदेलखंड की सांस्कृतिक धरोहर का डिजिटल संग्रह
बुंदेलखंड विश्वकोश

ससरार सुख की सार, जो रये दिना दो चार।

format_quote

ससरार सुख की सार, जो रये दिना दो चार।

info अर्थ:

ससुरार सुख की सार, पै रहे बिना दो चार। जो रहे मास पखवार, हाथ में खुरपी बगल में फार।

menu_book उदाहरण:

श्वशुर गृहं परमसुखं त्रिरात्राच्छुनकसमानः। - संस्कृत