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बुंदेलखंड विश्वकोश

अक्षर: अ

अक्षर 'अ' से शुरू होने वाले शब्द

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अतरयाँव [atarayAMv]

वि.
क्रि. एक दिन का अंतर होना या करना.

अतरसों [atarason]

सं.पु.
आगे-आगे व पीछे का चौथा दिन.

अतरारी [atarArI]

सं.स्त्री.
खपरैल छप्पर में बडैरे के समानान्तर पलानी के बीचोंबीच लगने वाली बल्ली.

अतरोल [atarol]

सं.पु.
अस्त-व्यस्त सामान.

अतरौरें [atarauren]

सं.स्त्री.
अनाज रखने के पात्रों की श्रृंखला.

अंतर्पठा गहोरा [antarpaThA gahorA]

सं.स्त्री.
बुंदेली की उपबोली.

अती [atI]

सं.स्त्री.
सीमा का उल्लंघन.

अतीस [atIs]

सं.स्त्री.
एक जड़ी जिसकी (घुट्टी) देने से बच्चों के दस्त रुक जाते हैं.

अथएँ [athaain]

वि.
अस्त होने पर.

अथय [athay]

सं.पु.
संध्या.

अथय की [athay kI]

सं.स्त्री.
संध्या वेला.

अथाई [athAI]

सं.स्त्री.
ग्राम में बैठने का सार्वजनिक स्थान, पंचायत की पुरानी पद्धति में पंचायत का स्थान.

अथाँयँ [athAMyM]

वि.
अथाह, जल के भराव की ऐसी गहराई जिसमें तल का पता न लगाया जा सके, बहुत गहरा.

अथौली [athaulI]

वि.
वेला (समय) के लिए संध्या सूचक.

अदरैनी [adarainI]

सं.स्त्री.
व्यंजन.

अद्दी [addI]

सं.स्त्री.
आधी मुहरों से बनी सोने की माला.

अधरी [adharI]

सं.स्त्री.
अंग्रेजी के ही अक्षर की आकृति की कलात्मक लकड़ी, साधु लोग बैठकर इस पर प्रायः हाथ टिकाते हैं.

अधरेनू [adharenU]

सं.पु.
व्यंजन.